आखिर ‘भारत टैक्सी’ लाने की क्यों पड़ी जरूरत?
Bharat Taxi: सस्ती राइड और ड्राइवरों की अच्छी कमाई… आखिर ‘भारत टैक्सी’ लाने की क्यों पड़ी जरूरत?
भारत सरकार ने ड्राइवर द्वारा संचालित नेशनल मोबिलिटी प्लेटफॉर्म भारत टैक्सी लॉन्च किया है, जो 1 जनवरी से दिल्ली में शुरू होगा। यह ड्राइवरों को किराए का मालिकाना हक, प्रॉफिट-शेयरिंग और बोर्ड में प्रतिनिधित्व देता है। मौजूदा कैब सेवाओं में ड्राइवरों की समस्याओं और यात्रियों की दिक्कतों को दूर करने के लिए यह सेवा शुरू की गई है। यह ड्राइवरों को ज्यादा कमाई और यात्रियों को बिना सर्ज प्राइसिंग के सस्ता व भरोसेमंद सफर प्रदान करती है।

- भारत टैक्सी: ड्राइवरों को मिलेगा किराए का मालिकाना हक
- दिल्ली में 1 जनवरी से शुरू होगी भारत टैक्सी
- सर्ज प्राइसिंग से यात्रियों को मिलेगा छुटकारा
नई दिल्ली। भारत सरकार ने दुनिया का पहला ड्राइवर द्वारा संचालित नेशनल मोबिलिटी प्लेटफॉर्म भारत टैक्सीलॉन्च किया है। यह सर्विस दिल्ली में 1 जनवरी से शुरू होगी। यह प्लेटफॉर्म हर ड्राइवर के लिए पूरे किराए का मालिकाना हक, प्रॉफिट-शेयरिंग और बोर्ड में रिप्रजेंटेशन भी देता है। यहां पर 1.1 लाख से ज्यादा ड्राइवरों ने रजिस्टर किया है और 10 दिनों के अंदर 80,000 से ज्यादा यूजर्स जुड़े हैं।
भारत टैक्सी की जरूरत इसलिए पड़ी क्योंकि मौजूदा कैब सेवाओं में ड्राइवरों को कई समस्याएं झेलनी पड़ती हैं। प्लेटफॉर्म का मालिकाना हक नहीं होने से वे कंपनी पर निर्भर रहते हैं। इंटेंसिव की स्पष्ट व्यवस्था नहीं है। लंबे घंटे काम करना पड़ता है और सोशल सिक्योरिटी जैसे फायदे नहीं मिलते। वहीं, यात्रियों को बार-बार राइड कैंसिल होना, पीक टाइम में सर्ज प्राइसिंग से महंगा किराया और किराए में पारदर्शिता की कमी जैसी दिक्कतें आती हैं।
यह सेवा जल्द ही दिल्ली सहित कई शहरों में शुरू हो रही है, ताकि ड्राइवरों की आय बढ़ सके और यात्रियों को बेहतर विकल्प मिले। यह ओला-उबर जैसी निजी कंपनियों को चुनौती देगी और सहकारिता से समृद्धि के विजन को आगे बढ़ाएगी। लोग इस नई सेवा का इंतजार कर रहे हैं।

