4 दिन में 1700+ फ्लाइट रद्द, सरकार बैकफुट पर ?
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन कंपनी इंडिगो की पिछले 4 दिनों में 1700 से ज्यादा फ्लाइट कैंसिल होने के बाद केंद्र सरकार शुक्रवार को बैकफुट पर आ गई है।
नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने एयलाइंस, खासकर इंडिगो को 10 फरवरी 2026 तक अस्थायी राहत दी है। वीकली रेस्ट के बदले कोई भी छुट्टी नहीं देने के फैसले को वापस ले लिया।
इंडिगो का कहना है कि फ्लाइट ऑपरेशन नॉर्मल होने में 15 दिसंबर तक का समय लगेगा। इधर दूसरी एयरलाइन के किराए में उछाल देखने को मिला है।
यात्रियों को ऑप्शनल फ्लाइट्स की तलाश में सामान्य से 10 गुना कीमत तक पर टिकट खरीदने पड़ रहे हैं। बुकिंग साइट MakeMyTrip के अनुसार, 6 दिसंबर को दिल्ली से बेंगलुरु की सबसे सस्ती फ्लाइट का किराया 40,000 रुपए से ज्यादा है, जबकि कुछ फ्लाइट्स का किराया 80,000 रुपए तक हैं।
वहीं, सिविल एविएशन मिनिस्टर ने सभी एयरलाइंस कंपनियों को फ्लाइट कैंसिल होने पर खुद पूरा रिफंड देने का निर्देश दिया है। साथ ही फंसे लोगों को होटल में ठहरने के लिए उचित व्यवस्था करने को कहा है।
दरअसल इंडिगो शुक्रवार को लगातार चौथे दिन क्रू मेंबर्स की कमी से जूझ रही है। इसके कारण दिल्ली, बेंगलुरु, पुणे, हैदराबाद सहित कई एयरपोर्ट पर 1000 से ज्यादा फ्लाइट्स कैंसिल हो गईं।
यात्री 24-24 घंटे से फ्लाइट का इंतजार कर रहे हैं। दिल्ली एयरपोर्ट पर यात्री पानी, खाना और जरूरी सामानों के लिए स्टाफ और सुरक्षाकर्मियों से बहस करते और झगड़ा करते देखे गए।

