दिल्ली

4.13 लाख लड़कियों को आत्मरक्षा के दांव सिखाए, दिल्ली पुलिस का नया रिकॉर्ड !!!!

Delhi: बढ़ती शिकायतों को देख 4.13 लाख लड़कियों को आत्मरक्षा के दांव सिखाए, दिल्ली पुलिस का नया रिकॉर्ड

दिल्ली पुलिस की स्पेशल पुलिस यूनिट ऑफ वूमेन एंड चिल्ड्रन (एसपीयूडब्ल्यूएसी) ने महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा और सशक्तिकरण के क्षेत्र में नया रिकॉर्ड बनाया है। 1 जनवरी से 15 दिसंबर 2025 के बीच इस यूनिट ने 4,13,004 महिलाओं और लड़कियों को सेल्फ डिफेंस प्रशिक्षण दिया, जो अब तक की सबसे बड़ी संख्या है। यूनिट ने घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न, वैवाहिक विवाद और मानसिक उत्पीड़न जैसी शिकायतों का समाधान करने के लिए 3,578 मामलों में परामर्श दिया और 976 प्राथमिकी दर्ज कर अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई भी की।

पुलिस उपायुक्त चेप्याला ने बताया कि वर्ष 2015 से 19 दिसंबर 2025 तक एसपीयूडब्ल्यूएसी को कुल 3,578 शिकायतें प्राप्त हुईं हैं। इस अवधि घरेलू हिंसा अधिनियम के तहत 42 मामले दर्ज किए गए। 1 जनवरी से 15 दिसंबर 2025 के बीच 186 परामर्श से जुड़े मामलों को अपने हाथ में लिया। इनमें से 34 मामले सुलह के जरिये जबकि 6 का निपटारा आपसी सहमति से हुआ। 27 मामलों में कोई कार्रवाई नहीं की गई ,क्योंकि शिकायतकर्ता या उनके परिवार आगे बढ़ना नहीं चाहते थे। 2 मामलों को अन्य जिलों में स्थानांतरित किया गया। आंकड़ों से पता चला कि वर्ष 2024 के 36 लंबित मामलों को 2025 में भी आगे बढ़ाया गया। इससे वर्ष के दौरान एसपीडब्ल्यूएसी द्वारा निपटाए गए कुल मामलों की संख्या 222 हो गई।

जिला  2024  2025
मध्य       4     1
उत्तर-पूर्व  0     3
दक्षिण   12    9
दक्षिण-पूर्व  6     1
द्वारका     23    1
उत्तर          0     2
बाहरी         13    4

जिला         2024  2025
बाहरी-उत्तरी  14    15
पूर्वी          14    14
पश्चिमी        24    1
उत्तर-पश्चिमी  16    1
रोहिणी       0     2
शाहदरा      2     2
नई दिल्ली      0     1

कुल           136  60

वर्ष  सेल्फ डिफेंस के कार्यक्रम   कितनों को ट्रेनिंग  दी गई
2023           2166                      331557
2024             1828                   303193
2025, 15 दिसंबर तक 2289       413004

एसपीयूडब्ल्यूएसी न केवल अपराधों की जांच करती है बल्कि सोशल मीडिया पर बाल यौन शोषण से जुड़े अश्लील सामग्री को रोकने और प्रभावितों को परामर्श देने में भी सक्रिय भूमिका निभाती है। यूनिट का लक्ष्य महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाना है। -अंजिता चेप्याला, पुलिस उपायुक्त

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *