उत्तर प्रदेशकानपूर

कानपुर में रजिस्ट्री कार्यालय में आयकर का छापा…आईटी सर्वे में 2500 करोड़ की मिली गड़बड़ी !!!

कानपुर में रजिस्ट्री कार्यालय में आयकर का छापा
आईटी सर्वे में 2500 करोड़ की मिली गड़बड़ी, कई दस्तावेज मिले अधूरे; 10 दिन में देने होंगे कागज
आयकर विभाग की टीम ने रजिस्ट्री कार्यालय में औचक छापेमारी की। - Dainik Bhaskar
आयकर विभाग की टीम ने रजिस्ट्री कार्यालय में औचक छापेमारी की।

कानपुर में इनकम टैक्स की टीम ने गुरुवार को रजिस्ट्री कार्यालय में छापेमारी की। आयकर विभाग की आसूचना एवं अपराधिक अन्वेषण (INCI) यूनिट ने जब उप निबंधन प्रथम कार्यालय में औचक छापेमारी करके सर्वे शुरू किया तो अफरा-तफरी मच गई।

दोपहर में शुरू हुई आयकर विभाग की कार्रवाई देर शाम तक चलती रही। जिसमें सर्वे में अधिकारियों को कई दस्तावेज अपूर्ण मिले और उनमें कई गड़बड़ियां भी मिली हैं। व्यापक सर्वे की कार्रवाई में टीम को सैकड़ों बैनामे से जुड़े दस्तावेजों में अनियमितताएं मिली, जिसकी कुल रकम 2500 करोड़ आंकी जा रही है।

बैनामों में गलत पैनकार्ड, राजस्व की हुई क्षति

इनकम टैक्स की INCI यूनिट दोपहर लगभग 2 बजे उप निबंधक प्रथम कार्यालय पहुंची थी। सहायक निदेशक विमलेश राय के नेतृत्व वाली टीम ने रजिस्ट्री कार्यालय पहुंचते ही दस्तावेजों को खंगालना शुरू कर दिया। जिसमें उन्होंने पाया कि रजिस्ट्री कार्यालय द्वारा आयकर विभाग को भेजी जाने वाली एसएफटी (स्पेसिफाइड फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन) प्रविष्टियों में लगातार पाई जा रही गलतियों के आधार पर की गई हैं।

अधिकारियों नें जांच में यह भी पाया गया कि बैनामों की जानकारी उपलब्ध कराते समय कई मामलों में पैन कार्ड नंबर गलत दर्ज किए गए हैं। जबकि कुछ बैनामों में पैन कार्ड की जानकारी ही आधी अधूरी दर्ज की गई है। रजिस्ट्री कार्यालय की इस लापरवाही और अनदेखी के कारण सैकड़ों लोग आयकर विभाग की निगरानी से बाहर रह गए। लगभग 2500 करोड़ रुपए की गड़बड़ी है, जिससे सरकारी राजस्व को करोड़ों की क्षति पहुंची है।

पुलिस के साथ पहुंची टीम, दस्तावेज किए जब्त

आयकर विभाग की पूरी कार्रवाई आयकर निदेशक (INCI) के निर्देशानुसार की गई। सहायक निदेशक विमलेश राय के साथ आयकर अधिकारी अविनाश सोनवानी, आयकर निरीक्षक कुलदीप गुप्ता, विनोद केशरी, राजेंद्र कुमार और अंकित श्रीवास्तव सर्वे के लिए पहुंचे थे। उनके साथ पुलिस फोर्स भी थी।

घंटों तक जारी रही कार्रवाई में आयकर विभाग की टीम ने गहनता के साथ एक-एक दस्तावेज की जांच की। जिसमें उन्हें भारी मात्रा में गड़बड़ी नजर आर्इ। बैनामे कराने वालों के पैन कार्ड ही गलत थे, जिसके बाद टीम संबंधित व्यक्तियों के सही लेनदेन का विवरण तलाशने में जुटा है। जिसके बाद टीम ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज जांच के लिए कब्जे में लिए हैं।

10 दिन में देने होंगे दस्तावेज, नोटिस जारी

सर्वे पूरा होने के बाद आयकर विभाग की टीम ने उप निबंधक प्रथम को नोटिस जारी किया है। नोटिस जारी करने के साथ ही टीम ने 10 दिन के भीतर बैनामा कराने वाले सभी लोगों के दस्तावेज जमा कराने के निर्देश दिए हैं।

आयकर विभाग का मानना है कि रजिस्ट्री कार्यालय की मिली भगत से ही बैनामा कराने वाले लोगों ने दस्तावेजों में गड़बड़ी कर सरकार को राजस्व की क्षति पहुंचाई है। कब्जे में लिए दस्तावेजों की गहनता से जांच की जाएगी, जिसमें और बड़े खुलासे हो सकते हैं। जिसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *