CBN ने पकड़ा 1 करोड़ का डोडा-चूरा…:ट्रक में मुरमुरे के नीचे छुपाकर झारखंड से ग्वालियर तक पहुुंच गया था माल
ग्वालियर में CBN (सेन्ट्रल ब्यूरो ऑफ नारकोटिक्स) के ग्वालियर ऑफिस से टीम ने कार्रवाई कर एक ट्रक से 116 बैग डोडा-चूरा के जब्त किए हैं। ट्रक में मुरमुरे के बैग के नीचे यह माल छुपाकर रखा गया था। यह ट्रक झारखंड से ग्वालियर के रास्ते राजस्थान ले जाया जा रहा था। नारकोटिक्स विभाग के अफसरों ने ट्रक को जब्त कर चालक को हिरासत में ले लिया है। यह कार्रवाई शनिवार शाम को की गई है। पकड़े गए ट्रक चालक पर NDPS ACT के तहत मामला दर्ज किया गया है। ट्रक चालक से पूछताछ की जा रही है।
यह है पूरा मामला
केंद्रीय नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए डोडा चूरा से भरे हुए 116 बैग जब्त किए हैं। इन बैग को झारखंड से एक ट्रक द्वारा पश्चिमी राजस्थान में ले जाया जा रहा था। उप नारकोटिक्स आयुक्त हेमंत हिंगोनिया ने बताया कि शनिवार शाम को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के एक अफसर के पास डोडा-चूरा के परिवहन के बारे में जानकारी मिली थी। इसके बाद संदिग्ध ट्रक को पकड़ने के लिए जाल बिछाया गया। ग्वालियर के चितौरा रोड पर नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अधिकारियों ने संदिग्ध ट्रक को रोका और उसकी तलाशी ली। एक बार तो नारकोटिक्स ब्यूरो को ट्रक में कुछ भी गड़बड़ नहीं लगा। उनको लगा कि शायद सूचना गलत है, लेकिन जब मुरमुरे के बैगों के नीचे दबे 116 बैग बारीकी से देखे गए तो उनमें अफीम के डोडा-चूरा भरा हुआ था। नारकोटिक्स डिपार्टमेंट के लोगों ने इस मामले में ट्रक चालक को गिरफ्तार किया है।
झांरखड़ में कहां से लोड किया था माल
नारकोटिक्स विभाग के अफसर पकड़े गए ट्रक चालक से पूछताछ कर रही है कि वह झारखंड में कहां से इस माल को लेकर आ रहा था और पश्चिमी राजस्थान में इसे कहां और किसे ठिकाने लगाया जाना था। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अधिकारियों के मुताबिक इन 116 देशों में ढाई हजार किलोग्राम डोडा चूरा मिला है। जिसकी कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में एक से सवा करोड़ रुपए में हो सकती है। फिलहाल इस रैकेट में शामिल और लोगों के बारे में भी पतारसी की जा रही है।
नारकोटिक्स अफसरों का कहना
उप नारकोटिक्स आयुक्त हेमंत हिंगोनिया ने बताया कि एक अफसर के पास सटीक सूचना आई थी। जिसके बाद घेराबंदी कर झारखंड से लाया जा रहा एक करोड़ रुपए का डोरा-चूरा ग्वालियर के चितौरा मार्ग से पकड़ा गया है। अब पूरे रैकेट का पता लगाया जा रहा है।