नोएडा अथॉरिटी में SIT दर्ज करा रही अधिकारियों के बयान…
युवराज मौत मामले में नोएडा प्राधिकरण में आज एक बार फिर एसआईटी की टीम आएगी। यहां डीएम, पुलिस और प्राधिकरण तीनों अपना जवाब एसआईटी को देंगे। जवाब पर एनालिसिस यही पर हो सकता है। इसके बाद कल टीम शासन को अपनी रिपोर्ट सब्मिट कर सकती है। अटकलें ये भी हैं कि एसआईटी थोड़ा और समय भी ले सकती है।
इससे पहले गुरुवार देर शाम तक SIT की टीम ने प्राधिकरण, पुलिस और प्रशासन के शीर्ष अधिकारियों के साथ उनके दिए फैक्ट पर सवाल जवाब किए। एक बार फिर मामले से संबंधित लोगों को बोर्ड रूम में बुलाया गया। करीब डेढ़ घंटे बाद एसआईटी की टीम वहां से चली गई।
जिसमें प्राधिकरण अपना फाइनल जवाब और डीएम ने डिजास्टर मैनेजमेंट पर अपना जवाब दिया। एसआईटी की टीम में एडीजी मेरठ जोन भानु भास्कर, मंडलायुक्त भानु चंद्र गोस्वामी और पीडब्ल्यूडी के चीफ इंजीनियर है। तीनों ही अधिकारी जवाबों पर एनालिसिस कर अपनी फाइनल रिपोर्ट तैयार करेंगे। ये रिपोर्ट बंद लिफाफे में शासन को भेजी जाएगी। घटना में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर एक्शन लिया जाएगा।
माना जा रहा है नोएडा प्राधिकरण के जीएम (सिविल, एनटीसी और जल/सीवर) के अलावा सीनियर मैनेजर पर एक्शन हो सकता है। वहीं डिजास्टर मैनेजमेंट की रिपोर्ट पर भी कर्मचारियों और अधिकारियों पर एक्शन तय है। क्योंकि सवाल जवाब के दौरान एसआईटी संतुष्ट नहीं दिखी।

