इंदौर ननि के एआरओ परमार की 1.06 करोड़ की संपत्तियां अटैच …आय से अधिक संपत्ति !!
इनमें एक आवासीय मकान, प्लॉट, फ्लैट और कृषि भूमि शामिल हैं। ईडी ने जांच ईओडब्ल्यू, भोपाल की एफआईआर के आधार पर शुरू की थी, जिसमें भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धाराओं में केस दर्ज है। जांच में सामने आया कि 2007 से 2022 के बीच परमार ने करीब 1.66 करोड़ रुपए की संपत्तियां अर्जित कीं, जो उनकी ज्ञात आय से लगभग 175 प्रतिशत अधिक हैं।
इस अवधि में संदिग्ध अपराध से अर्जित आय को 1.21 करोड़ रुपए आंका गया है। ईडी के अनुसार संपत्तियों की खरीद में इस्तेमाल धन का कोई वैध स्रोत अधिकारी प्रस्तुत नहीं कर सके।
कैश डिपॉजिट और बैंक ट्रांसफर से छुपाया धन : ईडी जांच में सामने आया कि अवैध गतिविधियों से अर्जित रकम पहले बड़ी मात्रा में नकद के रूप में राजेश परमार और उनके परिवार के बैंक खातों में जमा की गई। इसके बाद बैंक ट्रांसफर के जरिए इस धन का इस्तेमाल अलग-अलग अचल संपत्तियां खरीदने में किया गया। एजेंसी का दावा है कि इस प्रक्रिया से धन के वास्तविक स्रोत को छुपाने की कोशिश की गई।

