क्राइममध्य प्रदेश

Bhopal में ED की बड़ी कार्रवाई…SBI को हुआ था 1266 करोड़ का नुकसान ?

Bhopal में ED की बड़ी कार्रवाई, बैंक घोटाले के आरोपी की 51 करोड़ की संपत्ति कुर्क, SBI को हुआ था 1266 करोड़ का नुकसान

MP News: प्रवर्तन निदेशालय (ED), भोपाल ने स्टेट बैंक आफ इंडिया (SBI) से 1266 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। इसमें एडवांटेज ओवरसीज प्राइवेट लिमिटेड (AOPL) के निदेशक श्रीकांत भासी की दुबई स्थित 51 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति अस्थायी तौर पर बंधक कर ली है। धन शोधन निवारण अधिनियम के अंतर्गत संपत्ति कुर्क की गई है।

Bhopal में ED की बड़ी कार्रवाई, बैंक घोटाले के आरोपी की 51 करोड़ की संपत्ति कुर्क, SBI को हुआ था 1266 करोड़ का नुकसानBhopal में ED की बड़ी कार्रवाई।
  1. 1266 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में बड़ी कार्रवाई
  2. मामले के आरोपी की दुबई में 51 करोड़ की संपत्ति कुर्क की
  3. धन शोधन निवारण अधिनियम के अंतर्गत संपत्ति कुर्क की गई

भोपाल। प्रवर्तन निदेशालय (ED), भोपाल ने स्टेट बैंक आफ इंडिया (SBI) से 1266 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। इसमें एडवांटेज ओवरसीज प्राइवेट लिमिटेड (AOPL) के निदेशक श्रीकांत भासी की दुबई स्थित 51 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति अस्थायी तौर पर कुर्क कर ली है। धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के अंतर्गत संपत्ति कुर्क की गई है। मामले में एओपीएल, इसके निदेशकों, गारंटरों और संबंधित व्यक्तियों को आरोपित बनाया गया था।

SBI को हुआ था 1266 करोड़ का नुकसानईडी ने सीबीआइ दिल्ली द्वारा वर्ष 2019 में दर्ज एक एफआईआर के आधार पर जांच प्रारंभ की थी। जांच में पता चला था कि आरोपितों द्वारा की गई धोखाधड़ी से एसबीआइ को 1266.63 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। इसके बाद ईडी ने इसी वर्ष अगस्त में आरोपितों से संबंधित स्थानों पर छापेमारी कर कई आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए थे। मामले की जांच के बीच अब संपत्ति कुर्क की गई है।

बंधक की गई संपत्तियां श्रीकांत भासी की हैंईडी का दावा है कि कुर्क की गई संपत्तियां श्रीकांत भासी की हैं, जिन्हें उन्होंने अपनी बेटी को उपहार में दिया था। इनमें अपार्टमेंट व्यावसायिक उपयोग वाली संपत्तियां शामिल हैं। आरोप है कि यह संपत्तियां अपराध की आय से अर्जित की गई हैं। बाद में इन संपत्तियों को जानबूझकर 2022-2023 में उपहार के रूप अपनी बेटी को दिया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *